मध्य पूर्व में अचानक बढ़े भू-राजनीतिक तनाव के कारण भारतीय शेयर बाजार में मंगलवार को भारी बिकवाली देखने को मिली. ईरान के दक्षिणी हिस्से में अमेरिका द्वारा किए गए नए सुरक्षात्मक हमलों की खबरों ने निवेशकों की धारणा को गंभीर रूप से प्रभावित किया. इन हमलों के कारण दोहा में चल रही शांति वार्ता की उम्मीदें धूमिल हो गईं, जिससे वैश्विक बाजारों के साथ-साथ घरेलू बाजार में भी डर का माहौल बन गया.
कारोबार के अंत में, बॉम्बे स्टॉक एक्सचेंज (BSE) का मुख्य सूचकांक सेंसेक्स 479.26 अंक (0.63%) की बड़ी गिरावट के साथ 76,009.70 के स्तर पर बंद हुआ. वहीं, नेशनल स्टॉक एक्सचेंज (NSE) का निफ्टी 50 भी 118.00 अंक (0.49%) टूटकर 23,913.70 के स्तर पर आ गया. इस गिरावट के कारण निफ्टी ने अपना महत्वपूर्ण मनोवैज्ञानिक स्तर (24,000) खो दिया है.
बाजार के मुख्य आंकड़े और उतार-चढ़ाव
BSE सेंसेक्स: शुरुआत 76,224.14 पर हुई. दिन के दौरान इसने 76,627.04 का उच्च स्तर और 75,909.68 का निचला स्तर छुआ.
NSE निफ्टी 50: ओपनिंग 24,004.10 पर हुई. दिन का उच्चतम स्तर 24,089.80 और न्यूनतम स्तर 23,885.45 रहा.
तकनीकी नजरिया: 24,000 अब बना बड़ी बाधा
बाजार विश्लेषकों के अनुसार, निफ्टी के लिए अब 24,000 का स्तर एक मजबूत प्रतिरोध बन गया है. पहले यह स्तर एक बड़े सपोर्ट (सहारे) का काम कर रहा था, लेकिन अब यहां भारी कॉल राइटिंग और संस्थागत निवेशकों का दबाव देखा जा रहा है. इसके बाद 24,100 दूसरा बड़ा रोड़ा होगा.
नीचे की तरफ, बाजार के लिए 23,850 पहला तात्कालिक सपोर्ट है. यदि गिरावट बढ़ती है, तो 23,500 – 23,600 का जोन एक बेहद महत्वपूर्ण डिमांड एरिया साबित होगा, क्योंकि यहां भारी पुट ओपन इंटरेस्ट (Put OI) बना हुआ है.
सेक्टर्स और शेयरों का हाल
मंगलवार के सत्र में निफ्टी कंज्यूमर ड्यूरेबल्स इंडेक्स 1% से अधिक टूटकर सबसे खराब प्रदर्शन करने वाला सेक्टर रहा. इसके अलावा, बैंकिंग और वित्तीय सेवाओं में भी चौतरफा बिकवाली रही.
गिरावट वाले प्रमुख शेयर: ट्रेंट (Trent), टीसीएस (TCS), बजाज फाइनेंस, भारती एयरटेल, अपोलो हॉस्पिटल्स और विप्रो में सबसे ज्यादा गिरावट दर्ज की गई.
तेजी वाले प्रमुख शेयर: संकट के बावजूद अडाणी पोर्ट्स (Adani Ports), इटरनल (Eternal) और टेक महिंद्रा (Tech Mahindra) बढ़त के साथ बंद हुए. सुरक्षित निवेश के रूप में मेटल (Metal) और केमिकल (Chemical) शेयरों में अच्छी खरीदारी रही.
छोटे और मझोले शेयरों में मजबूती
बड़े शेयरों (Large-Caps) में गिरावट के बावजूद, रिटेल निवेशकों का भरोसा बरकरार रहा. व्यापक बाजार (Broader Market) में मजबूती देखी गई. निफ्टी मिडकैप इंडेक्स 0.54% की बढ़त के साथ अपने नए रिकॉर्ड हाई पर पहुंच गया, जबकि निफ्टी स्मॉलकैप इंडेक्स भी 0.35% मजबूत होकर बंद हुआ.


