कोलकाता नाइट राइडर्स (KKR) के स्टार बैटर रिंकू सिंह ने लंबे समय बाद एक अहम पारी खेलकर सबको प्रभावित किया. इकाना स्टेडियम में लखनऊ सुपरजायंट्स के खिलाफ हाल ही में हुए मैच में, उन्होंने अपनी बेहतरीन बैटिंग और फील्डिंग से टीम की जीत में अहम भूमिका निभाई. वह आखिरी गेंद तक क्रीज पर डटे रहे और टीम को एक मजबूत स्कोर तक पहुंचाया. इसके लिए उन्हें ‘मैन ऑफ द मैच’ का अवॉर्ड दिया गया. हालांकि, मैच के बाद रिंकू सिंह की टिप्पणियां अब सोशल मीडिया पर वायरल हो रही हैं.
अवॉर्ड सेरेमनी के दौरान जब उनसे पूछा गया, ‘जब भी टीम मुश्किल में होती है, आप हमेशा टीम की मदद करते हैं, है ना? इसीलिए क्या आप अपना नाम बदलकर रिंकू संकट मोचन सिंह रखना चाहेंगे?’ जिस पर रिंकू हंसे और जवाब दिया, ‘नहीं, नहीं, रिंकू ही रहने दीजिए. यही ठीक है.’ नेटिजन्स उनकी इस बात की तारीफ कर रहे हैं. वे कमेंट कर रहे हैं कि रिंकू एक बहुत ही सीधे-सादे इंसान हैं.
मैंने बस स्कोरबोर्ड पर फोकस किया
हालांकि, जब रिंकू बैटिंग करने आए, तब तक टीम मुश्किल में थी और अपने 4 विकेट गंवा चुकी थी. रिंकू ने बताया कि उन्होंने बड़े शॉट्स लगाने के बजाय स्कोरबोर्ड को आगे बढ़ाने पर फोकस किया. उन्होंने कहा कि वह किसी भी हाल में आखिरी गेंद तक क्रीज पर टिके रहना चाहते थे. उन्होंने समझाया कि वह सिर्फ खराब गेंदों को ही बाउंड्री के पार भेजना चाहते थे.
रिंकू का संघर्ष
दरअसल, KKR की पारी की शुरुआत और अंत जिस तरह से हुआ, उससे काफी अलग था. इसकी वजह थे रिंकू. जब वह क्रीज पर आए, तब 7 ओवर के बाद KKR का स्कोर 37/4 था. 11 ओवर के अंत तक यह 73/6 हो गया था. इस मोड़ पर ऐसा लग रहा था कि केकेआर 120 रन ही बना पाएगी. लेकिन रिंकू ने बहुत ही धैर्य से बैटिंग की. उन्होंने बड़े शॉट्स लगाने की बिल्कुल भी कोशिश नहीं की और सिंगल्स लेने पर फोकस किया. इसी क्रम में उन्होंने अपना अर्धशतक पूरा किया. इसके बाद, आखिरी दो ओवरों में उन्होंने तेजी से रन बनाए. 19 ओवर में 17 रन बने, और आखिरी ओवर में दिग्वेश को चार छक्के लगाए. इसके साथ ही टीम का स्कोर 150 के पार पहुंच गया. कुल मिलाकर, उन्होंने 51 गेंदों में 83 रन बनाए.
रिंकू ने न सिर्फ बैटिंग में, बल्कि फील्डिंग में भी अपनी छाप छोड़ी. उन्होंने मैदान पर फुर्ती से दौड़कर सबको प्रभावित किया. इसी क्रम में, उन्होंने चार कैच (मार्करम, मुकुल चौधरी, हिम्मत सिंह, जॉर्ज लिंडे) भी पकड़े.
सुपर ओवर में मार्करम का कैच जिस तरह से पकड़ा गया, वह एक अलग ही लेवल का था. जब मार्करम छक्का लगाने के लिए बड़ा शॉट खेलने जा रहे थे, तो पॉवेल ने उसे बहुत ही शानदार तरीके से रोका, उन्होंने गेंद को बाउंड्री लाइन के करीब पकड़कर रिंकू की तरफ अचानक फेंक दिया. जिसको रिंकू ने लपक लिया. रिंकू ने इस बारे में बात भी की. ‘मुझे बचपन से ही फील्डिंग पसंद है. मुझे लगा था कि पॉवेल ही आखिर में वह कैच पकड़ लेंगे, लेकिन उन्होंने अचानक गेंद मेरी तरफ फेंक दी. मैंने भी उतनी ही फुर्ती से प्रतिक्रिया दी और कैच पूरा किया.’
रिंकू की मंगेतर हुई भावुक
रिंकू सिंह की मंगेतर प्रिया सरोज रिंकू की मैच जिताऊ पारी के बाद भावुक हो गईं. उन्होंने कहा कि रिंकू की यह पारी उनके ससुर (रिंकू के पिता) को समर्पित है. प्रिया सरोज ने कहा, ‘मैं इस जीत से खुश हूं. रिंकू ने आज जो पारी खेली है, वह उनके पिता को समर्पित है. हम उन्हें बहुत याद करते हैं,’ KKR ने यह वीडियो अपने एक्स अकाउंट पर पोस्ट किया. बता दें कि रिंकू के पिता का हाल ही में बीमारी के चलते निधन हो गया था.


