राज्य में 31 दिसंबर 2026 तक भूमि सर्वेक्षण का काम पूरा हो जाएगा. इसकी जानकारी राजस्व एवं भूमि सुधार मंत्री संजय सरावगी ने दी. मंगलवार को सर्वे भवन में आयोजित कार्यक्रम में उन्होंने कहा कि भूमि सुधार और डिजिटाइजेशन के क्षेत्र में विभाग लगातार प्रगति के पथ पर है.
राज्य में 31 दिसंबर 2026 तक भूमि सर्वेक्षण का काम पूरा हो जाएगा. इसकी जानकारी राजस्व एवं भूमि सुधार मंत्री संजय सरावगी ने दी. मंगलवार को सर्वे भवन में आयोजित कार्यक्रम में उन्होंने कहा कि भूमि सुधार और डिजिटाइजेशन के क्षेत्र में विभाग लगातार प्रगति के पथ पर है. अब पोर्टल लॉन्च होने के बाद पूरा विभाग ऑनलाइन है.
भविष्य में खत्म हो जाएगा भूमि विवाद
इसके बाद मंत्री ने कहा कि बिहार ऐसा पहला राज्य है, जहां उच्च तकनीक की मदद से स्पेशियल डिजिटाइजेशन का काम हुआ है. सरकार के इस पहल से भविष्य में भूमि विवाद नगण्य हो जाएगा. आने वाले दिनों में आमलोगों को एकीकृत प्रणाली के तहत लाभ मिलेगा. इससे न सिर्फ भू-अभिलेख अद्यतन (अपडेट) होंगे, बल्कि नागरिकों को जल्द, पारदर्शी और भरोसेमंद सेवाएं भी मुहैया होंगी.
सभी रैयतों को एक खाता नंबर दिया जाएगा
वहीं मौके पर मौजूद राजस्व विभाग के अपर मुख्य सचिव दीपक कुमार सिंह ने कहा कि आईएलआरएमएस के माध्यम से हम अब टेक्सचुअल और स्पेशियल डाटा को एक ही मंच पर समेकित कर रहे हैं. इससे भूमि रिकॉर्ड का एक ऐसा डिजिटल इकोसिस्टम बनेगा, जिससे नागरिकों को सहूलियत के साथ प्रशासनिक पारदर्शिता भी मजबूत होगी. उन्होंने कहा कि सभी रैयतों को एक-एक खाता नंबर दिया जाएगा.


