Wednesday, April 22, 2026

बिहार में सरकारी कर्मचारियों और पेंशनभोगियों के महंगाई भत्ते (डीए) में दो प्रतिशत की वृद्धि होने की संभावना है, जिससे सातवें वेतन आयोग के तहत डीए 60 प्रतिशत हो जाएगा।

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बिहार में सरकारी कर्मचारियों और पेंशनभोगियों के महंगाई भत्ते (डीए) में दो प्रतिशत की वृद्धि होने की संभावना है, जिससे सातवें वेतन आयोग के तहत डीए 60 प्रतिशत हो जाएगा।

पटना। बिहार में सरकारी सेवकों (कर्मचारियों और पेंशनभोगियों) के महंगाई भत्ते (डीए) में दो प्रतिशत की वृद्धि हो सकती है। इस वृद्धि के बाद सातवें वेतन आयोग के अंतर्गत आने वाले सरकारी सेवकों का डीए बढ़कर 60 प्रतिशत हो जाएगा।

केंद्र सरकार के कर्मियों को अभी इतना ही डीए मिल रहा है और माना जा रहा है कि डीए में यह अंतिम वृद्धि है, क्योंकि आगे आठवें वेतन आयोग की अनुशंसाएं प्रभावी होनी हैं।

बिहार में सातवें वेतनमान के अंतर्गत कार्यरत सरकारी सेवकों को एक जुलाई, 2025 से 58 प्रतिशत की दर से महंगाई भत्ता (डीए) मिल रहा है। इससे पहले यह दर 55 प्रतिशत थी।

1100 करोड़ का अतिरिक्त बोझ पड़ेगा

विधानसभा चुनाव से पहले अक्टूबर, 2025 में इसमें तीन प्रतिशत की वृद्धि की गई थी। उसका लाभ 10 लाख से अधिक सरकारी कर्मचारियोें, पेंशनधारकों और परिवार पेंशनभोगियों को मिल रहा है। वह वृद्धि केंद्र सरकार के अनुरूप की गई और उससे राज्य के खजाने पर लगभग 918 करोड़ का अतिरिक्त बोझ बढ़ा।

इस बार दो प्रतिशत की वृद्धि होने पर वार्षिक तौर पर लगभग 1100 करोड़ का अतिरिक्त बोझ बढ़ सकता है।

उल्लेखनीय है कि डीए में बार-बार वृद्धि राज्य के राजस्व व्यय को बढ़ाती है, विशेषकर जब कर्मचारियों की संख्या 10 लाख हो। बिहार सरकार की निर्भरता केंद्र से मिलने वाले अनुदानों पर है, इसलिए यह खजाने पर अतिरिक्त दबाव बढ़ाता है।

केंद्र के पैटर्न को फॉलो करती है बिहार सरकार

केंद्र में इस वर्ष जनवरी से डीए में दो प्रतिशत की वृद्धि हुई थी। बिहार सरकार आम तौर पर केंद्र सरकार के डीए पैटर्न का अनुकरण करती है।

हालांकि, छठे और पांचवें वेतन आयोग के अंतर्गत अलग-अलग दरें लागू होती हैं। छठे वेतनमान के अंतर्गत आने वाले सरकारी सेवकों को एक जुलाई, 2025 से 257 प्रतिशत डीए मिल रहा है।

पांचवें वेतन आयोग के अंतर्गत अभी डीए 474 प्रतिशत है। उल्लेखनीय है कि डीए में वृद्धि प्रत्येक छह माह (जनवरी और जुलाई) पर होता है और इसका आधार अखिल भारतीय उपभोक्ता मूल्य सूचकांक होता है।

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