पटना नगर निगम ने नई और अब तक कर निर्धारण से वंचित संपत्तियों की पहचान व कर निर्धारण के लिए समय-सीमा तय की है। नगर आयुक्त ने घर-घर सर्वे का निर्देश दिया। इसके लिए त्रिस्तरीय व्यवस्था लागू की गई है। 31 जनवरी तक नई संपत्तियों की पहचान और 28 फरवरी तक सभी संपत्तियों की रिपोर्ट देनी होगी। ऑनलाइन व ऑफलाइन भुगतान की सुविधा है, साथ ही 31 मार्च तक वन टाइम सेटलमेंट योजना का लाभ भी मिलेगा।
पटना। राजधानी में नवनिर्मित तथा अब तक कर निर्धारण से वंचित रह गई संपत्तियों की पहचान और संपत्ति कर निर्धारण की प्रक्रिया को प्रभावी रूप से पूरा करने के लिए नगर निगम ने स्पष्ट समय-सीमा निर्धारित कर दी है। इस संबंध में नगर आयुक्त यशपाल मीणा ने बैठक कर वार्डवार समीक्षा की और अधिकारियों को निर्देश दिया कि सभी वार्डों में घर-घर सर्वे कर संपत्तियों की पहचान सुनिश्चित की जाए।
संपत्ति कर निर्धारण के लिए नगर निगम ने त्रिस्तरीय व्यवस्था लागू की है। अंचल स्तर की टीम में कार्यपालक पदाधिकारी, सिटी मैनेजर, राजस्व पदाधिकारी और मुख्य सफाई निरीक्षक शामिल होंगे। वार्ड स्तर पर सफाई कर्मी और एक सहायक कर्मी की टीम कार्य करेगी, जबकि सेक्टर स्तर पर वरीय नोडल पदाधिकारी, सफाई निरीक्षक और जोनल पदाधिकारी तैनात रहेंगे।
ये टीमें संपत्तिधारकों की पहचान कर तथा कर निर्धारण करते हुए प्रतिवेदन मुख्यालय को उपलब्ध कराएंगी। निर्देशानुसार 31 जनवरी तक नई संपत्तियों की पहचान कर रिपोर्ट सौंपनी है, जबकि 28 फरवरी तक नगर निगम क्षेत्र की सभी संपत्तियों से संबंधित प्रतिवेदन मुख्यालय को जमा करना अनिवार्य होगा।
नगर पालिका अधिनियम के तहत हो सकती है कार्रवाई
बिहार नगरपालिका अधिनियम 2007, इसके अंतर्गत अधिसूचित संपत्ति कर नियमावली 2013 तथा पटना नगर निगम कर एवं गैर-कर राजस्व वसूली विनियम 2013 के अनुसार सभी संपत्तिधारकों के लिए अपनी संपत्ति और रिक्त भूमि का कर निर्धारण कर समय पर भुगतान करना अनिवार्य है। ऐसा नहीं करने पर कार्रवाई का प्रविधान है।
वर्तमान में वन टाइम सेटलमेंट योजना के तहत ब्याज व पेनाल्टी पर 100 प्रतिशत छूट दी जा रही है, जिसकी अवधि 31 मार्च तक है।
ऑनलाइन और ऑफलाइन दोनों माध्यमों से सुविधा
पटना नगर निगम क्षेत्र में संपत्ति कर का भुगतान, असेसमेंट और री-असेसमेंट की सुविधा ऑनलाइन उपलब्ध है, जबकि ऑफलाइन व्यवस्था भी कायम है। डोर-टू-डोर कचरा संग्रहण वाहनों पर क्यूआर कोड लगाए गए हैं, जिनके माध्यम से भी भुगतान किया जा सकता है।
इस तरह करें संपत्ति कर का भुगतान
नगर निगम के आधिकारिक पोर्टल https://www.pmc.bihar.gov.in के जरिए घर बैठे संपत्ति कर जमा किया जा सकता है। इसके अलावा मुख्यालय और अंचल कार्यालयों में भी भुगतान की सुविधा है। प्रतिदिन सुबह सात बजे से शाम पांच बजे तक नगर निगम की टीमें वार्डों में कर संग्रहण कर रही हैं।
नागरिक निगम कर्मियों के पास उपलब्ध पाश मशीन या क्यूआर कोड के माध्यम से, साथ ही यूपीआइ विकल्पों से भी भुगतान कर सकते हैं। नगर निगम पोर्टल पर उपलब्ध सेल्फ असेसमेंट फॉर्म भरकर नागरिक स्वयं संपत्ति कर का निर्धारण या पुनर्निर्धारण भी कर सकते हैं।


