Friday, April 10, 2026

थम गई सांसे,सुवर्णरेखा बर्निंग घाट पर तीनों दोस्त का एक साथ हुआ अंतिम संस्कार, नहीं देखा जा रहा ऐसा मंजर

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झारखण्ड न्यूज़ :झारखण्ड के जमशेदपुर से दिल दहलाने वाली दुर्घटना सामने आई परिजनों की चीक पुकार सुन रो पड़े बस्तीवासी, मातमदुर्घटना इतनी दर्दनाक की अपने जिगर के टुकड़े का चेहरा भी नहीं देख पाये परिजन रांची-टाटा एनएच-33 पर तमाड़ थाना के कांची नदी पुल के समीप सड़क दुर्घटना में मृत तीनों दोस्त सुमित मिश्रा, पुलकित सिंह और निखिल कुमार का अंतिम संस्कार सोमवार की देर शाम को भुइयांडीह स्थित सुवर्णरेखा बर्निंग घाट पर एक साथ हुआ। घटना के बाद तीनों दोस्तों के शव को पोस्टमॉर्टम के लिए रांची रिम्स भेजा गया
वहां तीनों के शव को पोस्टमॉर्टम के बाद परिजनों को सौंप दिया गया।
इसके बाद सोमवार की देर शाम करीब पांच बजे तीनों का शव अलग-अलग एंबुलेंस से उनके घर पहुंचा. उसके बाद तीनों दोस्तों की अंतिम यात्रा बारी-बारी से निकली। सुवर्णरेखा बर्निंग घाट पर सबसे पहले निखिल का शव पहुंचा
उसके बाद पुलकित और सुमित का शव पहुंचा, जहां सभी का अंतिम संस्कार किया गया। गौरतलब हो कि रविवार को भुइयांडीह से चार बाइक पर सवार होकर सुमित, पुलकित, निखिल और अन्य दोस्त जोन्हा फॉल घूमने जाने के लिए निकले थे
तमाड़ के कांची नदी पुल के पास ट्रेलर और ऑटो के बीच से निकलने के दौरान बाइक की टक्कर टेंपो से हो गयी। जिससे बाइक अनियंत्रित होकर सड़क पर गिरी और ट्रेलर की चपेट में आ गयी। जिससे तीन युवक की मौत मौके पर ही हो गयी।वहीं अन्य दो दोस्त जख्मी हो गये।

तीनों युवकों का शव बारी-बारी से उनके आवास पर पहहुँचा। शव के पहुंचने के साथ ही बस्ती में मातम पसर गया। शव को देखने के लिए तीनों युवकों की मां और उनके परिवार की महिलाएं दौड़ी। मगर चेहरा बुरी तरह कुचल गया था, इसलिए लोगों ने चेहरे से कपड़ा नहीं हटाया। घर की महिलाओं की चीत्कार से बस्ती और आसपास की महिलाएं भी रो पड़ीं। पुलकित की मां बार-बार बेहोश हो रही थी।जिसे घर की महिलाएं संभालने में लगी थीं।निखिल के शव की स्थिति ऐसी थी कि परिजनों ने एंबुलेंस में ही अंतिम दर्शन किये

मिली जानकारी के अनुसार पुलकित कालिंदी बस्ती भुइयांडीह का रहने वाला था। वह अपने मां- बाप का इकलौताझारखण्ड न्यूज़ :झारखण्ड के जमशेदपुर से दिल दहलाने वाली दुर्घटना सामने आई परिजनों की चीक पुकार सुन रो पड़े बस्तीवासी, मातमदुर्घटना इतनी दर्दनाक की अपने जिगर के टुकड़े का चेहरा भी नहीं देख पाये परिजन रांची-टाटा एनएच-33 पर तमाड़ थाना के कांची नदी पुल के समीप सड़क दुर्घटना में मृत तीनों दोस्त सुमित मिश्रा, पुलकित सिंह और निखिल कुमार का अंतिम संस्कार सोमवार की देर शाम को भुइयांडीह स्थित सुवर्णरेखा बर्निंग घाट पर एक साथ हुआ। घटना के बाद तीनों दोस्तों के शव को पोस्टमॉर्टम के लिए रांची रिम्स भेजा गया
वहां तीनों के शव को पोस्टमॉर्टम के बाद परिजनों को सौंप दिया गया।
इसके बाद सोमवार की देर शाम करीब पांच बजे तीनों का शव अलग-अलग एंबुलेंस से उनके घर पहुंचा. उसके बाद तीनों दोस्तों की अंतिम यात्रा बारी-बारी से निकली। सुवर्णरेखा बर्निंग घाट पर सबसे पहले निखिल का शव पहुंचा
उसके बाद पुलकित और सुमित का शव पहुंचा, जहां सभी का अंतिम संस्कार किया गया। गौरतलब हो कि रविवार को भुइयांडीह से चार बाइक पर सवार होकर सुमित, पुलकित, निखिल और अन्य दोस्त जोन्हा फॉल घूमने जाने के लिए निकले थे
तमाड़ के कांची नदी पुल के पास ट्रेलर और ऑटो के बीच से निकलने के दौरान बाइक की टक्कर टेंपो से हो गयी। जिससे बाइक अनियंत्रित होकर सड़क पर गिरी और ट्रेलर की चपेट में आ गयी। जिससे तीन युवक की मौत मौके पर ही हो गयी।वहीं अन्य दो दोस्त जख्मी हो गये।

तीनों युवकों का शव बारी-बारी से उनके आवास पर पहहुँचा। शव के पहुंचने के साथ ही बस्ती में मातम पसर गया। शव को देखने के लिए तीनों युवकों की मां और उनके परिवार की महिलाएं दौड़ी। मगर चेहरा बुरी तरह कुचल गया था, इसलिए लोगों ने चेहरे से कपड़ा नहीं हटाया। घर की महिलाओं की चीत्कार से बस्ती और आसपास की महिलाएं भी रो पड़ीं। पुलकित की मां बार-बार बेहोश हो रही थी।जिसे घर की महिलाएं संभालने में लगी थीं।निखिल के शव की स्थिति ऐसी थी कि परिजनों ने एंबुलेंस में ही अंतिम दर्शन किये

मिली जानकारी के अनुसार पुलकित कालिंदी बस्ती भुइयांडीह का रहने वाला था। वह अपने मां- बाप का इकलौता बेटा था।उसकी एक छोटी बहन भी है। पुलकित के पिता राजकुमार सिंह आदित्यपुर में किसी कंपनी में प्राइवेट नौकरी करते है। राजकुमार सिंह ने बताया कि अब तक उनके बेटे की कोई भी शिकायत सुनने को नहीं मिली। वह कोई नशा भी नहीं करता था। साथ ही उनकी कोई बात नहीं काटता था। पुलकित उत्कल समाज इंटर कॉलेज गोलमुरी में 11वीं का छात्र था. शाम करीब पांच बजे पोस्टमॉर्टम के बाद सुमित, पुलकित और निखिल का शव अलग-अलग एंबुलेंस से पहुंचा शहर
गोलमुरी उत्कल समाज इंटर काॅलेज के छात्र थे तीनों युवक वहीं निखिल केबल टाउन का रहने वाला था।वह भी अपने मां- बाप का इकलौता पुत्र था।निखिल भी उत्कल समाज इंटर कॉलेज गोलमुरी में कक्षा 12वीं का छात्र था। वह सुमित और पुलकित से सीनियर था।दोस्तों ने बताया कि पढ़ाई के साथ-साथ निखिल भी किसी मोबाइल दुकान में काम करता था। वहीं सुमित मिश्रा के दो भाई हैं। सुमित बड़ा था,वह साकची में एक कपड़ा दुकान में काम करता था।
सुवर्णरेखा बर्निंग घाट पर तीनों दोस्त का एक साथ हुआ अंतिम संस्कार

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