जामताड़ा/चित्तरंजन: चित्तरंजन रेलवे स्टेशन पर जीआरपी में तैनात एएसआई मुंद्रिका प्रसाद (58) की गुरुवार को संदिग्ध परिस्थितियों में मौत हो गई। वह स्टेशन परिसर में स्थित रेलवे क्वार्टर में रह रहे थे। दोपहर करीब एक बजे उन्हें आवास में अचेत अवस्था में पाया गया।
घटना की जानकारी मिलते ही जीआरपी प्रभारी विमल कुमार पुलिसकर्मियों के साथ क्वार्टर पहुंचे। एएसआई को तत्काल चिरेका स्थित कस्तूरबा गांधी अस्पताल ले जाया गया, जहां चिकित्सकों ने जांच के बाद उन्हें मृत घोषित कर दिया।
पोस्टमार्टम के लिए भेजा गया शव
मामले की जानकारी मिलने पर चित्तरंजन थाना की पुलिस भी अस्पताल पहुंची। पुलिस ने आवश्यक कानूनी प्रक्रिया पूरी करने के बाद शव को पोस्टमार्टम के लिए आसनसोल सदर अस्पताल भेज दिया है। मौत की वास्तविक वजह पोस्टमार्टम रिपोर्ट के बाद स्पष्ट होने की बात कही जा रही है।
धनबाद में दी जाएगी अंतिम सलामी
पुलिस के अनुसार, पोस्टमार्टम के बाद एएसआई मुंद्रिका प्रसाद का पार्थिव शरीर धनबाद जीआरपी केंद्र ले जाया जाएगा। वहां उन्हें पुलिस सम्मान के साथ अंतिम सलामी दी जाएगी। इसके बाद शव उनके परिजनों को सौंपा जाएगा।
मुंद्रिका प्रसाद मूल रूप से बिहार के नालंदा जिले के रहने वाले थे। वर्तमान में उनका परिवार जामताड़ा शहर के वार्ड नंबर 13 स्थित शिवधाम मोहल्ले में रहता है, जहां उन्होंने अपना मकान बनवाया था।
उनके निधन की खबर मिलते ही परिवार में शोक का माहौल बन गया। रेल पुलिस विभाग के सहकर्मियों के बीच भी घटना को लेकर दुख है। वार्ड 13 की पार्षद सुनीका देवी और समाजसेवी सुभाष सिंह ने भी उनके निधन पर संवेदना व्यक्त की।
